शहादरा जिला के आनंद विहार थाना में हत्या के मामले में 16 साल से फरार एक घोषित अपराधी को क्राइम ब्रांच द्वारा गिरफ्तार किया

नई दिल्ली : ( अर्श न्यूज ) – आनंद विहार थाना में इलाके में हुई हत्या के मामले में 16 साल से फरार एक घोषित अपराधी को क्राइम ब्रांच द्वारा गिरफ्तार किया गुप्त सूचना के आधार पर गिरफ्तार किया गया
दिल्ली क्राइम ब्रांच के डीसीपी अमित गोयल ने मीडिया को बताया
मुन्ना की शिकायत पर आनंद विहार थाना, दिल्ली में एफआईआर संख्या 215/2008, धारा 302/34 आईपीसी के तहत मामला दर्ज किया गया था, जिसमें उन्होंने कहा था कि 23 अप्रेल 2008 को उनके पड़ोसी करण की पत्नी गिरिजा उनसे झगड़ा कर रही थी। इसी बीच, करण अपने दोस्त देवेन्द्र उर्फ राम चन्द्र के साथ मौके पर आया और दोनों ने मुन्ना के सिर पर पत्थर से वार किया, जिससे बाद में उसकी मौत हो गई। इसके बाद मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई।
शहादरा जिला के आनंद विहार थाना में हत्या के मामले में 16 साल से फरार एक घोषित अपराधी को क्राइम ब्रांच द्वारा गिरफ्तार किया
जांच के दौरान, आरोपी देवेन्द्र उर्फ राम चन्द्र को वर्ष 2008 में एलडी कोर्ट ने मामले में “घोषित अपराधी” घोषित किया था। सूचना एवं टीम संचालन वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशों को ध्यान में रखते हुए जघन्य मामलों के वांछित/फरार आरोपियों और पैरोल जंपरों का पता लगाने के लिए एसआई विकास सोलंकी को ऐसे अपराधियों के बारे में जानकारी जुटाने का काम सौंपा गया था। एसआई विकास सोलंकी ने देवेंद्र उर्फ राम चंदर नामक एक व्यक्ति की पहचान की, जो 2008 से एफआईआर संख्या 215/2008, यू/एस 302/34 आईपीसी, पीएस आनंद विहार दिल्ली में घोषित अपराधी है। एसआई विकास सोलंकी ने आरोपी देवेंद्र उर्फ राम चंदर के बारे में जानकारी हासिल की और पाया कि आरोपी देवेंद्र उर्फ राम चंदर कई सालों से अपने गांव नहीं आया है। हालांकि, एक ग्रामीण द्वारा यह बताया गया है कि वांछित आरोपी देवेंद्र उर्फ राम चंदर महोबा, हमीरपुर, यूपी में कहीं मूंगफली के खेतों में मजदूर के रूप में काम कर रहा है।
शहादरा जिला के आनंद विहार थाना में हत्या के मामले में 16 साल से फरार एक घोषित अपराधी को क्राइम ब्रांच द्वारा गिरफ्तार किया
इंस्पेक्टर मनमीत मालिक के नेतृत्व में एसीपी रमेश लांबा की करीबी निगरानी में टीम बनी जिसमे एसआई विकास सोलंकी, रितेश कुमार और जय कुमार और कांस्टेबल योगेंद्र की एक समर्पित टीम का गठन किया गया और उसे महोबा, यूपी भेजा गया। एसआई विकास सोलंकी और टीम ने खुद को मूंगफली के थोक व्यापारी के रूप में पेश किया और आरोपी की तस्वीर के साथ खेतों को स्कैन किया।
आखिरकार आरोपी देवेंद्र उर्फ राम चंद्र को यूपी-एमपी सीमा के पास चूर बारा गांव के खेतों में ढूंढ निकाला गया और उसके बाद आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ पूछताछ के दौरान आरोपी देवेंद्र उर्फ राम चंद्र ने खुलासा किया कि मृतक मुन्ना उसके गांव का दबंग था और अपनी मां को परेशान करता था। इसलिए उसके पिता परिवार सहित दिल्ली चले गए, लेकिन मुन्ना दिल्ली आकर अपनी मां से झगड़ा करने लगा। इसलिए गुस्से में आकर उसने और उसके पिता ने मुन्ना की हत्या कर दी। मुन्ना की हत्या के बाद वह अपने पिता के साथ गांव से गायब हो गया। वह मूंगफली के खेतों में मजदूरों के ठेकेदार के तौर पर काम करने लगा। आरोपी का
आरोपी का परिचय: देवेंद्र उर्फ राम चंद्र निवासी हमीरपुर, यूपी उम्र-40 साल। वह अनपढ़ है। हत्या करने के बाद वह महोबा चला गया और वर्तमान में मजदूर के ठेकेदार के तौर पर काम कर रहा था।
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